26मई 2026
जम्मू-कश्मीर के मशहूर पर्यटन स्थल गुलमर्ग में सोमवार को उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब गोंडोला रोपवे अचानक बीच हवा में रुक गया। तकनीकी खराबी आने के बाद करीब 300 पर्यटक अलग-अलग ट्रॉलियों में फंस गए। इनमें महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल थे। ऊंचाई पर हवा में लटकी ट्रॉलियों में बैठे लोगों के चेहरे पर डर साफ दिखाई दे रहा था।
बताया जा रहा है कि रोपवे के एक महत्वपूर्ण हिस्से में खराबी आने के बाद एहतियातन मुख्य सिस्टम को बंद करना पड़ा। इसके चलते लगभग 65 केबिन बीच रास्ते में ही अटक गए। कुछ ट्रॉलियां जमीन से सैकड़ों फीट ऊपर थीं, जिससे यात्रियों की परेशानी और बढ़ गई।
घटना की जानकारी मिलते ही सेना, पुलिस, SDRF और NDRF की टीमें मौके पर पहुंचीं। खराब मौसम और तेज हवाओं के बीच रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। बचाव दल ने विशेष उपकरणों और सीढ़ियों की मदद से एक-एक कर पर्यटकों को सुरक्षित नीचे उतारा। कई घंटों तक चले इस अभियान के दौरान प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए रहा।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रोपवे रुकते ही कई यात्री घबरा गए थे। छोटे बच्चे रोने लगे और लोग मदद के लिए आवाज लगाने लगे। हालांकि राहत टीमों ने धैर्य बनाए रखते हुए सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इस पूरे घटनाक्रम में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
गुलमर्ग का यह रोपवे देश के सबसे लोकप्रिय पर्यटन आकर्षणों में गिना जाता है। हर साल हजारों पर्यटक यहां बर्फीले पहाड़ों और खूबसूरत वादियों का आनंद लेने पहुंचते हैं। लेकिन इस घटना ने रोपवे सुरक्षा व्यवस्था और तकनीकी जांच को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।