13मार्च2026
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में वन्यजीव शिकार और तस्करी के एक बड़े मामले का खुलासा हुआ है। गोण्डाहूर थाना पुलिस ने जंगली भालू का शिकार कर उसकी खाल की तस्करी करने वाले 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से भालू की खाल, शिकार में इस्तेमाल किए गए जाल, चाकू, कुल्हाड़ी और एक मोटरसाइकिल जब्त की है।
पुलिस को 11 मार्च को बीट पेट्रोलिंग के दौरान मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ लोग जंगल में भालू का शिकार कर उसकी खाल बेचने की तैयारी कर रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीम गठित कर ग्राम कुरूशबोडी में दबिश दी गई। यहां एक आरोपी के खेत में बने लाड़ी (कच्चे मकान) से सूखी अवस्था में भालू की खाल बरामद की गई।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने ढोरकट्टा और हलांजूर के बीच जंगल में भालू का शिकार किया था। शिकार के बाद उसे एक खेत में लाकर काटा गया, उसका मांस पकाकर खाया गया और खाल को सुखाकर बेचने की तैयारी की जा रही थी। पुलिस ने मौके से खून से सनी मिट्टी, बांस के डंडे, चूल्हे की राख और लकड़ी भी जब्त की है।
सभी आरोपियों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 की विभिन्न धाराओं के साथ अन्य प्रासंगिक कानूनों के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वन्यजीवों के शिकार या तस्करी से जुड़ी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।