माओवाद को बड़ा झटका: 130 कैडरों का सामूहिक सरेंडर, 124 हथियार भी डाले

हैदराबाद, 7 मार्च 2026। प्रतिबंधित नक्सली संगठन Communist Party of India (Maoist) को रविवार को उस समय बड़ा झटका लगा जब उसके 130 माओवादी कैडरों ने हथियारों के साथ आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया। यह सामूहिक सरेंडर तेलंगाना के मुख्यमंत्री Anumula Revanth Reddy की मौजूदगी में हुआ, जिसे सुरक्षा एजेंसियां माओवादी नेटवर्क के लिए बड़ी रणनीतिक हार मान रही हैं।
आत्मसमर्पण करने वालों में पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी (PLGA) के कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे कैडर भी शामिल हैं। इनमें PLGA बटालियन की कंपनी-1 और कंपनी-2 के कमांडर एंड्री कालित्राम उर्फ उइके कल्लू, बीएनपीसीएम कोरसा लक्खू, डीके एसजेडसीएम चालासानी नवथा उर्फ चंद्रा, आरसीएम इरपा रामू उर्फ विनोद, पूर्व पीबीएम सुरक्षा टीम कमांडर देवुजी, डीवीसीएम मुचाकी उंगल उर्फ सुधाकर और पोट्टम अरुणा उर्फ सानिकी जैसे कई वरिष्ठ माओवादी शामिल बताए जा रहे हैं।
सरेंडर के दौरान माओवादियों ने सुरक्षा बलों के सामने बड़ी मात्रा में हथियार भी जमा कराए। कुल 124 हथियारों में 1 एलएमजी, 31 एके-47 राइफल, 21 इंसास राइफल, 20 एसएलआर राइफल, 18 .303 राइफल, 9 एमएम कार्बाइन, 7.62 और 8 एमएम बोल्ट एक्शन राइफल, 18 सिंगल शॉट हथियार, 2 पिस्टल, 1 यूएस कार्बाइन .30 एम1, 1 एफएएल राइफल, 2 बीजीएल, 1 स्टेन कार्बाइन और 4 एयर गन शामिल हैं। इसके अलावा अलग-अलग कैलिबर के करीब 5205 जिंदा कारतूस भी सुरक्षा बलों को सौंपे गए।
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार आत्मसमर्पण करने वालों में PLGA बटालियन के कैडर, दंडकारण्य क्षेत्र से जुड़े डीके एसजेडसी और टीएससी के सदस्य तथा कई वरिष्ठ माओवादी नेताओं के निजी स्टाफ के लोग भी शामिल हैं। बड़ी संख्या में माओवादियों के एक साथ मुख्यधारा में लौटने को तेलंगाना और दंडकारण्य क्षेत्र में नक्सली गतिविधियों के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि माओवादियों की सैन्य ताकत मानी जाने वाली PLGA संगठन की रीढ़ मानी जाती थी। ऐसे में उसके कैडरों का बड़ी संख्या में आत्मसमर्पण करना संगठन की कमजोर पड़ती पकड़ को दर्शाता है। लगातार सुरक्षा अभियानों और सरकार की पुनर्वास नीति के चलते अब कई माओवादी हिंसा का रास्ता छोड़कर सामान्य जीवन की ओर लौट रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *