रायपुर। 26अगस्त 2026/रक्षाबंधन से पहले राजधानी रायपुर में आयोजित ‘स्नेह की डोर’ कार्यक्रम भावनाओं और देशभक्ति के रंग में रंग गया। बलवीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में स्कूली छात्राओं, दिव्यांग बेटियों और महिला स्व-सहायता समूहों की महिलाओं ने सेना, केंद्रीय सुरक्षा बलों और पुलिस के जवानों की कलाइयों पर रक्षा सूत्र बांधा।
कार्यक्रम का सबसे भावुक पल उस समय आया, जब 2017 में नक्सली मुठभेड़ में शहीद हुए उपनिरीक्षक युगल किशोर वर्मा की पत्नी माधुरी वर्मा ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की कलाई पर राखी बांधी। राखी बंधवाते समय मुख्यमंत्री भावुक हो उठे और शहीद जवान के सर्वोच्च बलिदान को नमन किया।
“मेरी कोई सगी बहन नहीं, आज मुझे बहन मिल गई”
राखी बंधवाने के बाद मुख्यमंत्री साय ने कहा कि मुख्यमंत्री होने के नाते छत्तीसगढ़ की सभी बहनें उनकी बहन हैं, लेकिन उनकी कोई सगी बहन नहीं है। माधुरी वर्मा ने उन्हें राखी बांधी है और “आज मुझे बहन मिल गई।”
उन्होंने कहा कि यह रिश्ता केवल राखी के धागे तक सीमित नहीं है, बल्कि शहीद परिवार के विश्वास, अपनत्व और सम्मान का प्रतीक है।
शहीद परिवारों के साथ खड़े रहने का संकल्प
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ अपने वीर जवानों के बलिदान और उनके परिवारों के त्याग को कभी नहीं भूलेगा। शहीदों के परिवारों को अपना परिवार बताते हुए उन्होंने कहा कि उनके सम्मान, स्वाभिमान और हर सुख-दुःख में सरकार उनके साथ खड़ी रहेगी।
‘स्नेह की डोर’ कार्यक्रम में रक्षा सूत्र बांधने की इस पहल ने भाई-बहन के प्रेम के साथ-साथ राष्ट्र की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों और उनके परिवारों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का संदेश भी दिया।