10 अगस्त 2026 | नई दिल्ली। मानसून सत्र के अंतिम चरण में संसद की कार्यवाही लगातार हंगामे की भेंट चढ़ रही है। सोमवार को विपक्ष के विरोध और नारेबाजी के बीच लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही पहले 12 बजे और बाद में दोपहर 2 बजे तक स्थगित कर दी गई।
सरकार ने लोकसभा में केरल (नाम में परिवर्तन) विधेयक, 2026, ट्रिब्यूनल रिफॉर्म्स बिल, 2026 और माइंस एंड मिनरल्स (डेवलपमेंट एंड रेगुलेशन) अमेंडमेंट बिल, 2026 पेश किए। इसके अलावा राष्ट्रीय सहकारिता विकास निगम से जुड़ा संशोधन विधेयक भी सरकार के एजेंडे में है।
केरल का नाम ‘केरलम’ करने का प्रस्ताव
सरकार द्वारा पेश किए गए केरल (नाम में परिवर्तन) विधेयक में राज्य का आधिकारिक नाम बदलकर ‘केरलम’ करने का प्रस्ताव है। यह कदम केरल विधानसभा द्वारा सर्वसम्मति से पारित प्रस्ताव के बाद उठाया गया है।
विपक्ष का विरोध जारी
संसद की कार्यवाही शुरू होने से पहले विपक्षी सांसदों ने ‘अमित शाह जवाब दो’ के बैनर के साथ प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी समेत कई विपक्षी नेता इस प्रदर्शन में शामिल रहे।
विपक्ष छात्रों से जुड़े मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से सदन में बयान देने की मांग कर रहा है। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने कहा कि जब तक गृह मंत्री सदन में बयान नहीं देंगे, तब तक गतिरोध जारी रहेगा।
मानसून सत्र के बचे सिर्फ चार दिन
मानसून सत्र के अब केवल चार दिन शेष हैं। ऐसे में सरकार की कोशिश लंबित विधेयकों को सदन में आगे बढ़ाने की है। वहीं, विपक्ष कई मुद्दों पर चर्चा और सरकार से जवाब की मांग को लेकर लगातार दबाव बनाए हुए है।
परिसीमन और FCRA से जुड़े विधेयक फिलहाल आज की सूची में शामिल नहीं हैं। इन मुद्दों पर सरकार और विपक्ष के बीच सहमति बनाने की कोशिशें भी जारी रही हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस सहमति नहीं बन पाई है।