जगदलपुर, 29 जुलाई 2026। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर क्रांतिकारी डेबरीधुर उद्यानिकी महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, जगदलपुर तथा उद्यानिकी महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, सोनारपाल में देशभक्ति और राष्ट्रगौरव का अद्भुत माहौल देखने को मिला। राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) और राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) इकाइयों के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं और स्वयंसेवकों ने देशभक्ति गीतों, ओजस्वी भाषणों और आकर्षक रंगोली के माध्यम से कारगिल के वीर जवानों के शौर्य, साहस और बलिदान को याद किया। पूरे परिसर में देशभक्ति का स्वर गूंजता रहा और युवाओं में राष्ट्रप्रेम का उत्साह देखने को मिला।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जगदलपुर महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. जी. पी. नाग ने कहा कि राष्ट्र की रक्षा केवल सीमाओं पर तैनात सैनिक ही नहीं करते, बल्कि हर नागरिक अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहकर देश निर्माण में योगदान देता है। वहीं सोनारपाल महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. इशु साहू ने कारगिल विजय को भारतीय सेना के अदम्य साहस और पराक्रम का प्रतीक बताते हुए युवाओं को अनुशासन और राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित किया।
राष्ट्रीय कैडेट कोर के कमांडिंग अधिकारी लेफ्टिनेंट इंजीनियर भागवत कुमार ने विद्यार्थियों को कारगिल युद्ध के दौरान टाइगर हिल, बटालिक, टोलोलिंग और पॉइंट 4875 जैसी महत्वपूर्ण चोटियों पर भारतीय सेना के ऐतिहासिक अभियानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विपरीत परिस्थितियों में भी भारतीय सैनिकों ने अद्वितीय वीरता का परिचय देकर देश का गौरव बढ़ाया।
कार्यक्रम के समापन पर डॉ. अग्निभ हालदार, डॉ. रिनू, डॉ. पुरुषोत्तम, डॉ. अमित, डॉ. नरोत्तम अत्री और डॉ. ममता सहित महाविद्यालय के अधिकारियों की उपस्थिति में लगभग 150 छात्र-छात्राओं और स्वयंसेवकों ने राष्ट्र की रक्षा, सेवा और सम्मान के लिए सदैव समर्पित रहने की शपथ ली। कार्यक्रम ने युवाओं में देशभक्ति, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रीय एकता की भावना को और मजबूत किया।
कारगिल के वीरों को नमन: बस्तर के उद्यानिकी महाविद्यालयों में गूंजे देशभक्ति के गीत, 150 विद्यार्थियों ने ली राष्ट्रसेवा की शपथ