3 किमी चारपाई पर जिंदगी का सफर: सड़क न होने से बुजुर्ग को कंधों पर ढोकर पहुंचाया अस्पताल

9जून2026

अल्मोड़ा। उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले से विकास के दावों को झकझोर देने वाली तस्वीर सामने आई है। सल्ट विकासखंड के पणचुरा गांव में 75 वर्षीय बुजुर्ग महिला भागुली देवी को इलाज के लिए ग्रामीणों ने चारपाई पर लिटाकर करीब 3 किलोमीटर तक कंधों पर ढोया। गांव तक सड़क नहीं होने के कारण ग्रामीणों को ऊबड़-खाबड़ पहाड़ी रास्तों से गुजरते हुए लगभग दो घंटे की मशक्कत करनी पड़ी, तब जाकर महिला को मुख्य सड़क तक पहुंचाया जा सका और फिर वाहन से अस्पताल ले जाया गया।

बताया जा रहा है कि कुछ महीने पहले भागुली देवी घर के चबूतरे से गिरकर घायल हो गई थीं। सड़क सुविधा के अभाव में उन्हें समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका, जिससे उनकी हालत लगातार बिगड़ती गई। हाल ही में उनके बेटे घर पहुंचे तो मां की गंभीर स्थिति देखकर बेहतर इलाज के लिए अस्पताल ले जाने का फैसला किया गया। इसके बाद परिजनों और ग्रामीणों ने मिलकर चारपाई के सहारे उन्हें गांव से बाहर सड़क तक पहुंचाया।

ग्रामीणों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। सड़क न होने के कारण बीमार मरीजों, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को अक्सर चारपाई या डंडी-कंडी के सहारे अस्पताल पहुंचाना पड़ता है। राशन, गैस सिलेंडर और अन्य जरूरी सामान लाने के लिए भी लोगों को लंबी पैदल दूरी तय करनी पड़ती है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि जाख तक सड़क पहुंच चुकी है, लेकिन उससे आगे मात्र 3 किलोमीटर दूर स्थित पणचुरा गांव आज भी सड़क सुविधा से वंचित है। सड़क निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीण वर्षों से संघर्ष कर रहे हैं। यहां तक कि पंचायत चुनाव में ग्रामीणों ने “सड़क नहीं तो वोट नहीं” का नारा देते हुए मतदान बहिष्कार तक किया था, लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है।

भागुली देवी की चारपाई पर अस्पताल ले जाते हुए तस्वीर केवल एक बुजुर्ग महिला की मजबूरी नहीं, बल्कि उन सैकड़ों ग्रामीणों की पीड़ा को बयां करती है, जो आज भी बुनियादी सुविधाओं और सड़क जैसी मूलभूत जरूरतों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *