जशपुर में नशे के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन आघात” के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। कांसाबेल थाना क्षेत्र की दोकड़ा चौकी पुलिस ने पीछा कर एक संदिग्ध पिकअप वाहन को पकड़ा, जिसमें कच्चे आम की कैरेटों के नीचे छिपाकर भारी मात्रा में गांजा तस्करी की जा रही थी। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने करीब 207 किलो अवैध गांजा बरामद किया है, जिसकी बाजार कीमत एक करोड़ रुपए से ज्यादा बताई जा रही है।
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि उत्तर प्रदेश नंबर की एक सफेद पिकअप में ओडिशा से गांजा लाकर छत्तीसगढ़ के रास्ते बाहर भेजा जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने ग्राम देवरी के पास नाकाबंदी की। जैसे ही संदिग्ध वाहन वहां पहुंचा, चालक पुलिस को देखकर वाहन रोकने के बजाय तेज रफ्तार में भाग निकला। इसके बाद पुलिस ने दूसरी नाकाबंदी की, लेकिन आरोपी वहां से भी बचकर निकलने की कोशिश करता रहा।
करीब कई किलोमीटर तक चले पीछा करने के बाद पुलिस ने बगिया-दोकड़ा मुख्य मार्ग पर वाहन को घेरकर रोक लिया। तलाशी के दौरान पिकअप में ऊपर की तरफ प्लास्टिक कैरेटों में कच्चे आम भरे मिले, लेकिन जब पुलिस ने आम हटवाए तो नीचे प्लास्टिक टेप से पैक किए गए गांजे के पैकेट बरामद हुए। कुल 23 कैरेटों से 207 पैकेट गांजा जब्त किया गया।
मामले में पुलिस ने 36 वर्षीय आरोपी प्रेमनाथ सिंह को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि गांजे की यह खेप ओडिशा के सुंदरगढ़ इलाके से लाई गई थी, जिसे पहले अंबिकापुर पहुंचाना था और वहां से उत्तर प्रदेश भेजने की तैयारी थी। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है और तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने गांजे के अलावा तस्करी में इस्तेमाल की गई पिकअप वाहन, मोबाइल फोन और नकदी भी जब्त की है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, जनवरी 2026 से अब तक जिले में करोड़ों रुपए के नशीले पदार्थ जब्त किए जा चुके हैं और लगातार अभियान चलाकर तस्करों पर शिकंजा कसा जा रहा है।
एसएसपी ने साफ कहा है कि जिले में नशे के कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और आने वाले समय में भी ऐसे अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
ओडिशा से यूपी जा रही थी गांजे की खेप, आम की कैरेट में छिपाकर कर रहे थे तस्करी