29अप्रैल2026
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के दौरान हावड़ा जिले के बाली क्षेत्र में मतदान प्रक्रिया उस समय विवादों में आ गई, जब लगातार तीन बार ईवीएम मशीनों में तकनीकी खराबी आने से वोटिंग तय समय से काफी देर बाद शुरू हो सकी। मतदान में हुई देरी से बूथ के बाहर लंबी कतारों में खड़े मतदाताओं में नाराजगी बढ़ गई और माहौल धीरे-धीरे तनावपूर्ण हो गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कुछ समय के लिए मतदान केंद्र का प्रवेश द्वार बंद करना पड़ा। इसी दौरान सुरक्षा व्यवस्था संभाल रहे सीआरपीएफ जवानों ने हंगामे के बीच दो लोगों को मौके से हटाया, जिसका दृश्य चर्चा का विषय बन गया। तृणमूल कांग्रेस ने केंद्रीय सुरक्षा बलों पर अपने समर्थकों और कार्यकर्ताओं को निशाना बनाने का आरोप लगाया और इसे मतदान प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश बताया। वहीं भाजपा समर्थकों ने सुरक्षा बलों की कार्रवाई को निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम करार दिया। हालांकि पूरे घटनाक्रम में किसी गंभीर चोट की सूचना नहीं मिली, लेकिन इस घटना ने चुनावी माहौल को और अधिक संवेदनशील बना दिया। बाद में प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी में मतदान प्रक्रिया को दोबारा सुचारु रूप से शुरू कराया गया। दूसरे चरण में राज्य की 142 महत्वपूर्ण सीटों पर मतदान हो रहा है, जहां टीएमसी और भाजपा के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिल रही है। ऐसे में हावड़ा की यह घटना चुनावी प्रक्रिया की चुनौतियों और सुरक्षा व्यवस्था की अहमियत को उजागर करती है।