जगदलपुर, 29 मार्च 2026।
बस्तर से नक्सलवाद के पूर्ण उन्मूलन के लिए निर्धारित 31 मार्च 2026 की समय-सीमा से पहले मिली सफलता पर जगदलपुर विधानसभा के पूर्व विधायक और भाजपा नेता संतोष बाफना ने खुशी जाहिर की है। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर आभार व्यक्त करते हुए बस्तर के समरस और सर्वांगीण विकास के लिए महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं।
पूर्व विधायक संतोष बाफना ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के कुशल नेतृत्व और सुरक्षा बलों की दृढ़ इच्छाशक्ति के कारण बस्तर में नक्सल हिंसा का दौर थमता नजर आ रहा है। दशकों से हिंसा और भय के माहौल में जी रहे बस्तर अंचल में अब शांति और विकास का नया दौर शुरू हो रहा है, जो पूरे क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि है।
उन्होंने अपने पत्र में कहा कि शासन की जीरो टॉलरेंस नीति और विकासपरक सोच से आदिवासी समाज सहित सभी वर्गों में विश्वास और सुरक्षा की भावना बढ़ी है। इसके लिए संपूर्ण बस्तर अंचल गृह मंत्री अमित शाह और सुरक्षा बलों का आभारी है।
पूर्व विधायक बाफना ने नक्सलवाद के अंत के बाद बस्तर में सामाजिक समरसता बनाए रखने पर जोर दिया। उन्होंने सुझाव दिया कि ग्राम और जिला स्तर पर शांति एवं संवाद समितियों का गठन किया जाए, जिसमें सभी समाज प्रमुखों की भागीदारी हो। साथ ही भूमि, संसाधन और अधिकारों से जुड़े विवादों के समाधान के लिए पारदर्शी विवाद निवारण तंत्र विकसित किया जाए।
उन्होंने वनाधिकार और संवैधानिक प्रावधानों के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी जोर देते हुए कहा कि इससे किसी भी वर्ग में असुरक्षा की भावना नहीं पनपेगी और समाज में संतुलन बना रहेगा।
पत्र के अंत में संतोष बाफना ने कहा कि नक्सलवाद का अंत एक पड़ाव है, असली लक्ष्य समृद्ध, समरस और विकसित बस्तर का निर्माण है, जहां हर वर्ग का व्यक्ति बिना भय और भेदभाव के आगे बढ़ सके। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से नक्सल मुक्त बस्तर के लिए विशेष विकास पैकेज और निगरानी तंत्र विकसित करने की मांग की है।
नक्सल मुक्त बस्तर की ओर बड़ा कदम: पूर्व विधायक संतोष बाफना ने अमित शाह को लिखा पत्र, समरस और विकसित बस्तर के लिए दिए अहम सुझाव