केदार कश्यप के नाम छत्तीसगढ़ में सबसे लंबे समय तक मंत्री रहने का रिकॉर्ड: रजनीश पानीग्राही

17 साल 9 महीने का मंत्रित्वकाल, बृजमोहन अग्रवाल 15 साल 6 महीने के साथ दूसरे स्थान पर

जगदलपुर, 6 सितंबर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में बस्तर के कद्दावर नेता और प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप के नाम सबसे लंबे समय तक मंत्री रहने का रिकॉर्ड दर्ज होने पर भारतीय जनता पार्टी के बस्तर जिला महामंत्री रजनीश पानीग्राही ने उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने केदार कश्यप के राजनीतिक सफर की निरंतर सफलता और छत्तीसगढ़ के राजनीतिक क्षितिज पर उत्तरोत्तर आगे बढ़ने की मंगलकामना की।

रजनीश पानीग्राही ने कहा कि बस्तर की धरती से शुरू हुआ केदार कश्यप का राजनीतिक सफर सत्ता परिवर्तन और तमाम राजनीतिक उतार-चढ़ाव के बावजूद लगातार आगे बढ़ता रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के तीनों कार्यकाल में केदार कश्यप लगातार 15 वर्षों तक मंत्री रहे। उस दौरान वे प्रदेश के सबसे कम उम्र के मंत्रियों में शुमार थे। वर्तमान में विष्णुदेव साय सरकार में वे चौथी बार मंत्री के रूप में अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। दोनों कार्यकालों को मिलाकर उनका मंत्रित्वकाल करीब 17 वर्ष 9 महीने हो गया है।

उन्होंने कहा कि केदार कश्यप ने छत्तीसगढ़ की राजनीति में जो राजनीतिक पैमाना तय किया है, वहां तक पहुंचना किसी भी राजनेता के लिए आसान नहीं है। इसके लिए केवल चुनाव जीतना पर्याप्त नहीं, बल्कि करीब ढाई दशक तक बस्तर संभाग सहित पूरे छत्तीसगढ़ की राजनीति में लगातार प्रभाव बनाए रखना भी जरूरी है।

पानीग्राही ने कहा कि एक दौर ऐसा था, जब मंत्री लंबे समय तक बेफिक्र होकर अपनी जिम्मेदारी निभाते थे, लेकिन वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों में मंत्रियों के लिए अपनी कुर्सी को लेकर आश्वस्त रहना आसान नहीं है। ऐसे दौर में केदार कश्यप का लंबे समय तक मंत्री बने रहना उनकी बस्तर संभाग में मजबूत पकड़ और पूरे छत्तीसगढ़ में राजनीतिक स्वीकार्यता को दर्शाता है।

रिकॉर्ड की दौड़ में बृजमोहन अग्रवाल दूसरे स्थान पर

रजनीश पानीग्राही के अनुसार, लंबे समय तक मंत्री रहने के रिकॉर्ड में केदार कश्यप के ठीक पीछे पूर्व मंत्री एवं वर्तमान रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल का नाम आता है। बृजमोहन अग्रवाल भी डॉ. रमन सिंह की सरकार के तीनों कार्यकाल में करीब 15 वर्षों तक सत्ता के प्रमुख स्तंभों में शामिल रहे। इसके बाद विष्णुदेव साय सरकार में भी उन्होंने लगभग छह महीने मंत्री पद संभाला। रायपुर से लोकसभा सांसद निर्वाचित होने के बाद उनका मंत्रित्वकाल समाप्त हुआ।

इस तरह बृजमोहन अग्रवाल का छत्तीसगढ़ में कुल मंत्रित्वकाल करीब 15 वर्ष 6 महीने रहा, जबकि केदार कश्यप करीब 17 वर्ष 9 महीने के साथ इस मामले में नया रिकॉर्ड बनाने वाले नेता के रूप में सामने आए हैं।

पानीग्राही ने कहा कि केदार कश्यप का यह राजनीतिक सफर अभी भी जारी है और आने वाले समय में वे छत्तीसगढ़ की राजनीति में नए आयाम स्थापित करें, यही बस्तर के कार्यकर्ताओं और जनता की कामना है।

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