30 जुलाई 2026 | धनबाद। झारखंड के धनबाद में अवैध कोयला खनन और मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 31 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई कोयला कारोबारी अनिल गोयल, एलबी सिंह, हरेंद्र चौहान और उनके सहयोगियों से जुड़े परिसरों पर की गई। ईडी की इस कार्रवाई से धनबाद के कोयला कारोबार जगत में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार, जांच एजेंसी ने छापेमारी के दौरान लगभग 160 करोड़ रुपये के म्यूचुअल फंड निवेश फ्रीज किए हैं, जबकि 1.02 करोड़ रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं। इसके अलावा जांच के दौरान 200 से अधिक संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज और महत्वपूर्ण साक्ष्य मिलने की बात सामने आई है।
ईडी का आरोप है कि अवैध कोयला खनन, तस्करी, रंगदारी और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों से अर्जित धन को विभिन्न माध्यमों से वैध दिखाने का प्रयास किया गया। यह कार्रवाई धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत की गई है।
सूत्रों के मुताबिक जांच के दायरे में आई कुल संपत्तियों का मूल्य 500 से 600 करोड़ रुपये के बीच बताया जा रहा है। ईडी अब जब्त दस्तावेजों और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच कर रही है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।
धनबाद और आसपास के कोयला क्षेत्रों में लंबे समय से अवैध खनन और तस्करी के आरोप लगते रहे हैं। ईडी की ताजा कार्रवाई को इस नेटवर्क पर अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई में से एक माना जा रहा है।
कोयला माफियाओं पर ईडी का बड़ा प्रहार: 31 ठिकानों पर छापेमारी, 600 करोड़ की संपत्ति जांच के घेरे में