16मार्च2026
रायपुर। बीजापुर जिले की तीन स्कूली छात्राओं के गर्भवती होने के मामले ने सोमवार को छत्तीसगढ़ विधानसभा में राजनीतिक माहौल गर्म कर दिया। शून्यकाल के दौरान विपक्षी सदस्यों ने इस मुद्दे को उठाते हुए इसे बेहद गंभीर बताया और पूरे मामले पर सदन में विस्तृत चर्चा कराने की मांग की।
विपक्ष की ओर से स्थगन प्रस्ताव भी लाया गया, लेकिन उसे स्वीकार नहीं किया गया। इसके बाद सदन में तीखी नारेबाजी और हंगामा शुरू हो गया। विरोध दर्ज कराते हुए विपक्षी विधायक सदन से बाहर निकल गए।
विपक्ष का कहना है कि आदिवासी इलाकों में छात्राओं की सुरक्षा को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं और इस तरह की घटनाओं को गंभीरता से लेकर कड़ी कार्रवाई की जरूरत है।
इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel ने भी सरकार को घेरते हुए कहा कि ऐसे मामलों में समय पर ठोस कदम उठाना जरूरी है, ताकि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो सके।
वहीं सरकार की ओर से जवाब देते हुए शिक्षा मंत्री Gajendra Yadav ने कहा कि मामले की जांच जारी है और रिपोर्ट सामने आने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि जिन छात्राओं का जिक्र किया जा रहा है, वे फिलहाल पोर्टाकैबिन में अध्ययनरत नहीं हैं।
सरकार का कहना है कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच कराई जा रही है और दोषी पाए जाने वालों को बख्शा नहीं