जगदलपुर, 02 मार्च 2026। बस्तर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को सहेजने और युवाओं को कला के क्षेत्र में दक्ष बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर आकाश छिकारा ने आसना स्थित बादल एकेडमी (बस्तर एकेडमी ऑफ डांस, आर्ट, लिटरेचर एंड लैंग्वेज) का गहन अवलोकन किया। भ्रमण के दौरान उन्होंने एकेडमी परिसर में संचालित विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों का जायजा लिया और कला साधकों से सीधा संवाद कर उनका मनोबल बढ़ाया।
कलेक्टर के दौरे का विशेष अवसर भित्तिचित्र कार्यशाला का समापन रहा। इस कार्यशाला में प्रदेश भर से आए 50 प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया। कलाकारों की कलाकृतियों की सराहना करते हुए कलेक्टर ने कहा कि पारंपरिक कलाओं को आधुनिक स्वरूप में प्रस्तुत करना समय की आवश्यकता है। उन्होंने प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे कलाकारों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस दौरान उन्होंने गोदना कला के प्रशिक्षण सत्र का भी निरीक्षण किया और प्रशिक्षुओं से चर्चा कर उनके अनुभव जाने। कलेक्टर ने एकेडमी के अधिकारियों के साथ भविष्य की कार्ययोजना पर विचार-विमर्श करते हुए गतिविधियों को और व्यापक बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बादल एकेडमी को बस्तर की कला, गीत-संगीत, साहित्य और भाषा के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा, ताकि स्थानीय कलाकारों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर मंच मिल सके।
कला साधकों के बीच पहुंचे कलेक्टर आकाश छिकारा: बादल एकेडमी में भित्तिचित्र और गोदना कला की सराहना