बलरामपुर, 30 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में फर्जी जमीन रजिस्ट्री और कूटरचित दस्तावेजों के जरिए जमीन हड़पने के मामले का बड़ा खुलासा हुआ है। रामचंद्रपुर पुलिस ने जांच के बाद तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है।
पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने सुनियोजित तरीके से फर्जी दस्तावेज तैयार कर तहसील कार्यालय में प्रस्तुत किए और जमीन के रिकॉर्ड में हेरफेर करने का प्रयास किया। जांच में सामने आया कि संबंधित जमीन के नाम पर पहले किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) ऋण लिया गया और बाद में कूटरचित रजिस्ट्री दस्तावेजों के आधार पर मामले को दबाने की कोशिश की गई।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने दस्तावेजों की बारीकी से जांच की, जिसमें बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा उजागर हुआ। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई शुरू की गई।
जांच के आधार पर पुलिस ने संत कुमार ठाकुर, हामिद जुलाहा और लल्लू नागवंशी को गिरफ्तार किया। पूछताछ के बाद तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है। फर्जी दस्तावेज तैयार करने और जमीन हड़पने के इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है। जांच में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आने पर उसके खिलाफ भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फर्जी रजिस्ट्री गैंग का पर्दाफाश: कूटरचित दस्तावेजों से हड़प ली जमीन, 3 आरोपी गिरफ्तार